छत्तीसगढ़ बालवाड़ी योजना क्या है?
छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल जी ने शिक्षक दिवस के अवसर पर “जाबो बालवाड़ी बढ़ाबो शिक्षा के गाड़ी” की थीम के साथ Chhattisgarh Balwadi Yojana का आरंभ किया है। अब राज्य में इस योजना के तहत 5 से 6 साल तक के बच्चों के लिए बालवाड़ी संचालित की जाएंगी।
सभी बालवाड़ी में आंगनबाड़ी सहायिका के अलावा संबंद्ध प्राथमिक शाला के एक सहायक शिक्षक को भी तैनात किया जाएगा। इस सहायक शिक्षक को हर महीने ₹500 अतिरिक्त वेतन दिया जाएगा। बच्चों को खेल-खेल में रोचक तरीके से पढ़ाने के लिए आंगनबाड़ी सहायिका और शिक्षकों को विशेष प्रशिक्षण भी दिया जा चुका है।
CG Balwadi Scheme बच्चों के सिखने और समझने के लिए एक रोचक एवं खुशहाल वातावरण बनाएगी। ताकि बच्चों के दिमाग का खेल खेल में विकास किया जा सके। क्योंकि वैज्ञानिकों के अनुसार मनुष्य के दिमाग का 85% विकास बाल्यावस्था में ही हो जाता है।
Chhattisgarh Balwadi Yojana Highlights
| का नाम | छत्तीसगढ़ बालवाड़ी योजना |
| शुरू की गई | मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी के द्वारा |
| संबंधित विभाग | स्कूल शिक्षा विभाग छत्तीसगढ़ |
| लाभार्थी | राज्य के 5 से 6 साल तक के बच्चे |
| उद्देश्य | खेल खेल में बच्चों को सिखने एवं समझने की क्षमता में विकास करना |
| शुरू करने की तारीख | 5 सितंबर सन् 2022 |
| साल | 2022 |
| राज्य | छत्तीसगढ़ |
| योजना की श्रेणी | राज्य स्तरीय योजना |
शैक्षणिक सत्र 2022-23 में 5173 बालवाड़ियो के माध्यम से 68054 बच्चे होंगे लाभान्वित
Balwadi Yojana के माध्यम से बच्चों को खेल-खेल में रोचक तरीके से पढ़ाने के लिए बालवाड़िया संचालित की जाएंगी। जिनके माध्यम से शैक्षणिक वर्ष 2022-23 में 68054 बच्चों को लाभान्वित किया जाएगा। सरकार द्वारा सभी बालवाड़ी के लिए बच्चों के अनुकूल फर्नीचर, खेल सामग्री और रंग रोगन के लिए 1 लाख रुपए की स्वीकृति भी दे दी गई है।
बालवाड़ी के संचालन के लिए बच्चों की सामग्री “बाल वाटिका” तैयार की जा चुकी है। बालवाड़ी का संचालन स्कूल परिसर में भोजन अवकाश के 2 घंटे पहले किया जाएगा। स्कूल विभाग छत्तीसगढ़ द्वारा फिलहाल राज्य की 5173 आंगनबाड़ियों को बालवाड़ियो में बदला गया है जिनके माध्यम से राज्य के 5-6 साल के 3 लाख 23 हजार 624 विद्यार्थियों में से 68 हजार 54 विद्यार्थियों को इसी सत्र 2022-23 में लाभ दिया जाएगा।
बालवाड़ी योजना छत्तीसगढ़ का उद्देश्य
इस योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य के 5-6 साल के बच्चों के सीखने एवं समझने की क्षमता का खेल-खेल में विकास करना है।
इसके अलावा उन्हें स्कूल जाने के लिए पूरी तरह से तैयार करना है ताकि वह जब पहली कक्षा में स्कूल जाए तो वह उसके लिए पूरी तरह से तैयार हो चुके हो। प्रदेश सरकार द्वारा बालवाड़ी योजना छत्तीसगढ़ के माध्यम से प्रदेश भर में बालवाड़िया संचालित होंगी। बालवाड़ी में पढ़ाने वाले शिक्षकों एवं साहयिका को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है।
ताकि वह बच्चों को खेल-खेल में अक्षरो एवं संख्या का ज्ञान करवा सके। छत्तीसगढ़ सरकार का CG Balwadi Yojana शुरू करने का निर्णय राज्य के बच्चों के लिए बहुत ही लाभकारी साबित होगा। क्योंकि इसके माध्यम से उनका मानसिक, समाजिक एवं मनोवैज्ञानिक विकास खेल खेल में हो सकेगा।
Chhattisgarh Balwadi Yojana के लाभ एवं विशेषताएं
- छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी के द्वारा शिक्षक दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ बालवाड़ी योजना को शुरू किया गया है।
- इस योजना का शुभारंभ ‘जाबो बालवाड़ी बढ़ाबो शिक्षा के गाड़ी’ थीम के साथ किया गया है।
- राज्य के 5 से 6 साल तक के बच्चों को इस योजना का लाभ दिया जाएगा।
- Chhattisgarh Balwadi Yojana के माध्यम से राज्य में बालवाड़ी संचालित की जाएगी। जिनमें खेल-खेल बच्चों के सिखने एवं समझने की क्षमता में विकास किया जाएगा।
- सरकार द्वारा प्रारंभ में ही 5173 बालवाड़ी शुरु की गई है। जिन्हें फिलहाल स्कूल परिसर में स्थित आंगनबाड़ियों को बदलकर बालवाड़ी किया गया है।
- बालवाड़ी में आंगनबाड़ी सहायिका के अलावा संबंद्ध प्राथमिक शाला के एक सहायक शिक्षक को भी तैनात किया जाएगा। इस सहायक शिक्षक को हर महीने ₹500 अतिरिक्त वेतन दिया जाएगा।
- इसके अलावा बालवाड़ी में बच्चों को खेल-खेल में रोचक तरीके से पढ़ाने के लिए आंगनबाड़ी सहायिका और शिक्षक को विशेष प्रशिक्षण भी दिया जा चुका है।
- सरकार द्वारा सभी बालवाड़ी के लिए बच्चों के अनुकूल फर्नीचर, खेल सामग्री और रंग रोगन के लिए ₹100000 की स्वीकृति भी दी जा चुकी है।
- शैक्षणिक सत्र 2022-23 में इस योजना के माध्यम 68 हजार 54 बच्चे लाभान्वित होंगे।
- वैज्ञानिकों के अनुसार मनुष्य के दिमाग का 85% विकास बचपन में ही हो जाता है इसी बिंदु को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री जी के द्वारा इस योजना को शुरू किया गया है।
- छत्तीसगढ़ में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा इस योजना के माध्यम से प्रारंभिक शिक्षा को ओर अधिक मजबूत कर दिया गया है। जो बच्चों की शिक्षा की बेहतर तरीके से नींव रखेगी।
- यह योजना बच्च का खेल-खेल में मानसिक, सामाजिक एवं मनोवैज्ञानिक विकास कराने के लिए तैयार की गई है।
- बालवाड़ी योजना के माध्यम से 5 से 6 साल के बच्चे खुशहाल वातावरण में बेहतर तरीके से अपनी प्रारम्भिक शिक्षा को प्राप्त कर सकेंगे।

Comments
Post a Comment